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❣️❣️ वक्रतुण्ड महाकाय सूर्यकोटि समप्रभ।निर्विघ्नं कुरु मे देव सर्वकार्येषु सर्वदा ।❣️❣️ ज्योतिष: वेद चक्षु नमः शम्भवाय च मयोभवाय च नमः शंकराय च मयस्कराय च नमः शिवाय च शिव तराय च नमः।।>

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February 7, 2023 23:50
Omasttro

पंचांग के अनुसार 18 जनवरी 2022, मंगलवार का दिन धार्मिक दृष्टि से अत्यंत शुभ है। इस दिन माघ मास का आरंभ हो रहा है। लेकिन क्या आपको पता हैं आज दिन शनि दोष को दूर करने का भी है। क्योंंकि आज 18 जनवरी को पुष्य नक्षत्र है और पुष्य नक्षत्र के स्वामी शनि देव ही हैं। पुष्य नक्षत्र को सभी नक्षत्रों का राजा माना गया है। साथ ही ज्योतिष शास्त्र में पुष्य नक्षत्र को सबसे शुभ नक्षत्र माना गया है। इस नक्षत्र को नए कार्यों को आरंभ करने के साथ- साथ शनि पूजा के लिए भी उत्तम माना गया है। जो लोग शनि साढेसाती और ढैय्या से परेशान हैं वो लोग इन उपायों को कर सकते हैं। आइए जानते हैं ये अचूक उपाय कौन से हैं…

वृश्चिक, कुंभ और मीन राशि के जातकों को व्यवसाय में सफलता की प्राप्ति होगी,

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अप्रैल में कुंभ राशि में शनि के राशि परिवर्तन करते ही दो राशि वालों पर शनि ढैय्या शुरू हो जाएगी, तो वहीं एक राशि पर साढ़ेसाती शुरू हो जाएगी। आपको बता दें कि वर्ष 2022 में 1 जनवरी से लेकर 29 अप्रैल तक मिथुन और तुला राशि के जातकों पर शनि की ढैय्या का प्रभाव रहेगा। इसके बाद कर्क और वृश्चिक वालों पर ढैय्या शुरू हो जायेगी जो 12 जुलाई तक रहेगी।

आज पुष्य नक्षत्र में करें ये उपाय- Omasttro



बता दें कि 12 जुलाई से शनि वक्री अवस्था में एक बार फिर से अपनी पिछली राशि मकर में गोचर कर जायेंगे। मकर राशि में शनि के राशि परिवर्तन करते ही मिथुन और तुला राशि के जातक फिर से शनि ढैय्या की चपेट में आ जायेंगे और 17 जनवरी 2023 तक इन्हें शनि की दशा का सामना करना पड़ेगा।

वैदिक पंचांग के अनुसार साल 2022 में 1 जनवरी से लेकर 29 अप्रैल तक धनु, मकर और कुंभ वालों पर शनि साढ़ेसाती का प्रभाव रहेगा। इसके बाद 29 अप्रैल को शनि के कुंभ राशि में प्रवेश करते ही मीन राशि वालों पर शनि साढ़ेसाती शुरू हो जाएगी जबकि धनु राशि वालों को इससे मुक्ति मिल जाएगी। वहीं मकर वालों पर इसका आखिरी चरण प्रारंभ हो जाएगा और कुंभ वालों पर दूसरा चरण शुरू हो जाएगा।

अगर आप शनि की साढेसाती, ढैय्या, महादशा या अंतर्दशा चल रही है, तो आपको आज पुष्य नक्षत्र में बाजार से चांदी खरीदकर लानी है और अपने पूजा स्थल पर रख देती है। साथ ही आपको बता दें इममें ना ही वजन की शर्त है और नही को शेप की। आपको जो चीज चांदी की पसंद आए वो आप खरीद कर ला सकते हैं। साथ ही आपको ये उपाय हर महीने के पुष्य नक्षत्र में करना है। पुष्य नक्षत्र 27 दिन में एक बार जरूर आता है। वहीं यह उयाप करने से आपको कारोबार में फायदा और आपके रूके हुए काम बनने लगेंगे।

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